The Seven Words From the Cross – प्रभु यीशु मसीह की क्रूस पर बोली गई सात वाणियों का विस्तृत वर्णन कलवरी के क्रूस पर, असहनीय पीड़ा, अपमान और अंधकार के बीच प्रभु यीशु ने The (Seven Words From the Cross) सात महान वाणियाँ बोलीं। ये वाणियाँ केवल अंतिम शब्द नहीं थे, बल्कि मानवता के लिए … Continue reading “The Seven Words From the Cross”
परमेश्वर प्रेम है” – नया नियम का मूल सत्य नया नियम में सबसे स्पष्ट और शक्तिशाली घोषणा 1 यूहन्ना 4:7-21 में मिलती है। यह पूरा परिच्छेद परमेश्वर के प्रेम का हृदय है। आइए हम मूल शब्दों में सुनें और समझें। प्रेरित यूहन्ना लिखते हैं: “हे प्रियो, हम आपस में प्रेम रखें; क्योंकि प्रेम परमेश्वर से … Continue reading “God is Love”
The Story of the Birth of Jesus Christयह बाइबल के अनुसार यीशु मसीह के जन्म की संपूर्ण कहानी है, जिसे तीन भागों में विभाजित किया गया है: मसीह के जन्म की भविष्यवाणी (Pre-Christmas), मसीह का जन्म (Christmas), और जन्म के बाद की घटनाएँ (Post-Christmas)।मसीह के जन्म की भविष्यवाणी (Pre-Christmas)हजारों साल पहले भविष्यद्वक्ताओं ने मसीह के … Continue reading “Story of the Birth of Jesus Christ”
Genesis- A Brief Introduction बाइबल की पहली पुस्तक उत्पत्ति (Genesis) है। जैसा कि इसके नाम से पता चलता है, यह पुस्तक ‘शुरुआत’ या ‘उद्गम’ के बारे में है। यह ब्रह्मांड के निर्माण से लेकर इसराइल राष्ट्र की नींव पड़ने तक की घटनाओं का वर्णन करती है। यहाँ उत्पत्ति की पुस्तक का एक संक्षिप्त विवरण दिया … Continue reading “Genesis- A Brief Introduction”
यह कहानी यीशु मसीह के जीवन के एक अद्भुत चमत्कार को दर्शाती है, जहाँ उन्होंने प्रकृति पर अपने पूर्ण अधिकार को प्रकट किया। यह घटना बाइबिल की नई नियम (New Testament) में मरकुस (Mark) के सुसमाचार के अध्याय 4:35-41 में दर्ज है। कहानी एक दिन, जब शाम हो गई, यीशु ने अपने शिष्यों से कहा, … Continue reading “The Calming of the Sea: Jesus’ Authority”
I. परिचय: बाइबिल के भू-राजनीतिक परिदृश्य को परिभाषित करना पवित्र धर्मग्रंथ, इतिहास और धार्मिक आख्यान की सदियों को समाहित करते हुए, भू-राजनीतिक संस्थाओं की एक विशाल श्रृंखला के साथ बातचीत का दस्तावेजीकरण करता है, जो पूर्व में सिंधु घाटी से लेकर पश्चिम में इबेरियन प्रायद्वीप तक फैली दुनिया को दर्शाता है।1 हालांकि, उल्लेखित “देशों” की … Continue reading “A detailed analysis of the nations, empires, and geopolitical entities referenced in the Bible”
पुत्र इसहाक का जन्म परमेश्वर ने अब्राहम से वादा किया था कि वह उसे एक महान राष्ट्र का पिता बनाएगा, लेकिन अब्राहम और उनकी पत्नी सारा बहुत बूढ़े हो गए थे और उनकी कोई संतान नहीं थी। लम्बे इंतज़ार के बाद, जब अब्राहम 100 साल और सारा 90 साल की थीं, तब परमेश्वर ने अपने … Continue reading “The Story of Abraham and Isaac”
बाइबिल: एक सिंहावलोकन बाइबिल ईसाई धर्म का पवित्र ग्रंथ है, जिसे ईश्वर की प्रेरणा से विभिन्न लेखकों द्वारा हजारों वर्षों के दौरान लिखा गया है। यह मानव जाति के साथ ईश्वर के संबंधों, उसके प्रेम, उसकी योजनाओं और उद्धार के मार्ग की कहानी कहता है। बाइबिल को मुख्य रूप से दो प्रमुख भागों में बांटा … Continue reading “The Bible: An Overview”
