यीशु मसीह ने हमें एक सीधा सा सूत्र दिया: “मांगो, तो तुम्हें दिया जाएगा; ढूँढ़ो, तो तुम पाओगे; खटखटाओ, तो तुम्हारे लिये खोला जाएगा।” (मत्ती 7:7) यह केवल एक धार्मिक वचन नहीं है; यह सफलता का एक पूरा रोडमैप है। इसे समझने के लिए, मैं आपको आरव नाम के एक युवा मूर्तिकार की कहानी सुनाता … Continue reading “Ask,Seek,Knock: A Journey of Faith”
यह बहुत ही सुंदर विषय है! स्वर्गदूत गाब्रिएल (Gabriel) और मरियम (Mariam) के बीच हुई उस पवित्र बातचीत को एक कहानी के रूप में प्रस्तुत कर रहा हूँ। यह कहानी सीधे तौर पर बाइबिल के लूका रचित सुसमाचार, अध्याय 1, से प्रेरित है। मरियम और स्वर्गदूत गाब्रिएल गलील प्रदेश के नासरत नामक एक छोटे से … Continue reading “Mary and Angel Gabriel”
Genesis- A Brief Introduction बाइबल की पहली पुस्तक उत्पत्ति (Genesis) है। जैसा कि इसके नाम से पता चलता है, यह पुस्तक ‘शुरुआत’ या ‘उद्गम’ के बारे में है। यह ब्रह्मांड के निर्माण से लेकर इसराइल राष्ट्र की नींव पड़ने तक की घटनाओं का वर्णन करती है। यहाँ उत्पत्ति की पुस्तक का एक संक्षिप्त विवरण दिया … Continue reading “Genesis- A Brief Introduction”
जोहार एक ऐसा पारंपरिक अभिवादन है जो भारत की आदिवासी संस्कृति की आत्मा को प्रतिबिंबित करता है। यह न केवल ‘नमस्कार’ या ‘हैलो’ का विकल्प है, बल्कि सम्मान, स्वागत और सामुदायिक एकता का प्रतीक है। झारखंड, छत्तीसगढ़ और ओडिशा की जनजातियों में प्रचलित यह शब्द मुंडा, हो और ओरांव समुदायों की सांस्कृतिक धरोहर का अभिन्न … Continue reading “Johar: The Timeless Tradition of Tribal Greeting – Meaning, Origin, Usage, and Modern Significance”
यह वृत्तांत हमें ईश्वर के पुत्र यीशु मसीह के मृत्यु पर विजय और पिता के दाहिने हाथ विराजमान होने की महान घटना को बताता है, जैसा कि पवित्र बाइबल के सुसमाचारों और प्रेरितों के काम में वर्णित है। 1. महिमामय पुनरुत्थान (Glorious Resurrection) क्रूस पर अपनी मृत्यु के बाद, यीशु के शरीर को एक कब्र … Continue reading “The story of the resurrection and ascension of Jesus Christ”
प्राचीन यहूदिया में, लोग चुंगी वसूलने वालों (Tax Collectors) से घृणा करते थे। उन्हें पापी और देशद्रोही माना जाता था, क्योंकि वे रोमी सरकार के लिए काम करते थे और अक्सर लोगों से अधिक पैसे वसूल कर खुद अमीर बन जाते थे। जेरिको नामक शहर में ज़क्कई नाम का एक चुंगी लेने वाला मुखिया रहता … Continue reading “The Story of the Salvation of Zacchaeus the Tax Collector”
क्योंकि परमेश्वर ने जगत से ऐसा प्रेम किया कि उसने अपना एकलौता पुत्र दे दिया, ताकि जो कोई उस पर विश्वास करे, वह नाश न हो बल्कि अनन्त जीवन पाए।” (यूहन्ना 3:16) यह एक ऐसी कहानी है जो प्रेम की सबसे गहरी परिभाषा है—यह कहानी है परमेश्वर के अद्भुत प्रेम की। यह कोई राजा-रानी की … Continue reading “God’s Precious Love: A Wonderful Story”
यरूशलेम के बाहरी किनारों पर, एक प्राचीन अंजीर का पेड़ था। वह केवल लकड़ी और पत्तियों का ढेर नहीं था, बल्कि समय का गवाह था। उसने सुना था कि उसके पत्ते कितने महत्वपूर्ण थे, जब बहुत पहले, मनुष्य ने अपनी नग्नता को ढकने के लिए उन्हीं का सहारा लिया था। उत्पत्ति 3:7 में लिखा है: … Continue reading “The Story of the Fig Tree”
यह कथा ईसा मसीह के जीवन के सबसे महत्वपूर्ण और दुखद अध्यायों में से एक है, जिसमें उनका प्रेम, पीड़ा और समर्पण पूर्ण रूप से प्रकट होता है। 1. गेथसेमनी का बाग: प्रार्थना और पीड़ा (The Garden of Gethsemane: Prayer and Anguish) अंतिम भोज के बाद, यीशु अपने ग्यारह शिष्यों के साथ यरूशलेम के बाहर … Continue reading “The Sacrifice of Jesus Christ: From Gethsemane to Calvary-“
यह कहानी यीशु मसीह के जीवन के एक अद्भुत चमत्कार को दर्शाती है, जहाँ उन्होंने प्रकृति पर अपने पूर्ण अधिकार को प्रकट किया। यह घटना बाइबिल की नई नियम (New Testament) में मरकुस (Mark) के सुसमाचार के अध्याय 4:35-41 में दर्ज है। कहानी एक दिन, जब शाम हो गई, यीशु ने अपने शिष्यों से कहा, … Continue reading “The Calming of the Sea: Jesus’ Authority”
